नई सोच

, यह कहानी हिंदू मुस्लिम सिख इसाई परिवार की है।   मुस्लिम परिवार की एक लड़की श्रेया अनपढ़ जिसे पढ़ना लिखना कुछ नहीं आता था। एकदम अनपढ़ गवार गांव में पली-बढ़ी किसी ना किसी तरह उसके मां-बाप ने उसकी शादी अपनी ही जाति के एक लड़के से कर दी। शादी के दिन उसके पति ने उस… Continue reading नई सोच

पढ़ना लिखना है जरुरी

11/12/2018 एक दिन मुन्नू अपनी मां से बोला मां मुझे पाठ याद करवाओ न। मुझे पाठ के साथ साथ इसका अर्थ भी समझाओ न।। मां बोली बेटा मैं हूं अनपढ़। मैं तुझे ना पढ़ा पाऊंगी। लेकिन मैं तुम्हें अच्छी शिक्षा दे पाऊंगी।। मां बाप नें जल्दी से शादी कर डाली। शादी करके अपनी जिम्मेदारी पूरी… Continue reading पढ़ना लिखना है जरुरी

अभिमान का परिणाम

किसी जंगल में एक शेर रहता था। जंगल में सभी जानवर शेर के आतंक से डर कर रहते थे।वह कभी ना कभी उनको मार कर खा जाया करता था। एक दिन सभी जानवरों ने राजा को कहा कि आपका कर्तव्य है हमारी रक्षा करना। आप ही हमें नुकसान पहुंच जाओगे तो हम कभी भी  हम… Continue reading अभिमान का परिणाम

अच्छी आदतें भाग(2)मुहावरों का प्रयोग किया

  10/12/2018. रामू घर आकर बोला मां मेरे पेट में चूहे  हैं कूद रहे। मां धमा चौकड़ी मचा कर परेशान है कर रहे।। मां आकर बोली तू है मेरी आंख का तारा। प्यारा प्यारा राज दुलारा।। पढ़ाई में  हमेशा ध्यान लगाना। कक्षा में  इस बार भी अव्वल आ कर दिखाना।। रामू बोला बहना से :-तू… Continue reading अच्छी आदतें भाग(2)मुहावरों का प्रयोग किया

जादुई जूते

बहुत समय पहले की बात है कि एक छोटे से गांव में राजू अपने माता पिता के साथ रहा करता था। वह छठी कक्षा का छात्र था। उसके माता-पिता मध्यम वर्गीय परिवार से संबंध रखते थे। वह बहुत ही भोला भला छात्र था। हर रोज स्कूल जाता था। अपने माता-पिता का हमेशा कहना मानता था।… Continue reading जादुई जूते

नन्हें शिक्षक

स्कूल में सभी बच्चे पिकनिक पर जाने का आयोजन कर रहे थे। सोनाली पिंकू राजू और रवि यह अपने ग्रुप के लीडर थे। वे सब साथ-साथ चल रहे थे। मैडम ने उन्हें हिदायत दी थी कि सब बच्चे एक साथ घूमने चलेंगे। कोई भी बच्चा अकेला कहीं बाहर नहीं जाएगा सारे बच्चे छोटी छोटी उम्र… Continue reading नन्हें शिक्षक

नई दिशा भाग(2)

हेम शरन के परिवार में उसकी पत्नी और उसकी एक बेटा बेटी थे। हेमशरन इतना अमीर नहीं था गांव में उसकी थोड़ी बहुत जमीन थी। जिस में वह खेती-बाड़ी करता था। उसकी बेटी नौ साल की थी और  बेटा बीनू से चार साल बड़ा था। उसका भाई आठवी कक्षा में था। हेमशरन अपनी  पत्नी से… Continue reading नई दिशा भाग(2)

नई दिशा भाग (2)

  हेम शरन के परिवार में उसकी पत्नी और उसकी एक बेटा बेटी थे। हेमशरन इतना अमीर नहीं था गांव में उसकी थोड़ी बहुत जमीन थी। जिस में वह खेती-बाड़ी करता था। उसकी बेटी नौ साल की थी और  बेटा बीनू से चार साल बड़ा था। उसका भाई आठवी कक्षा में था। हेमशरन अपनी  पत्नी… Continue reading नई दिशा भाग (2)

नई उमंग(नई दिशा)

स्कूल में बच्चे मैडम भारती के आने का इंतजार कर रहे थे बच्चों को अपनी मैडम भारती बहुत ही अच्छी लगती थी। वह उन्हें बहुत ही प्यार से पढ़ाती थी।   हर बच्चे को खेल खेल में पढ़ाना उसका शौक था इसी कारण उसकी कक्षा में बच्चे बड़ों को बड़े ध्यान से सुनते थे। उसकी… Continue reading नई उमंग(नई दिशा)