बुराई का फल

किसी गांव में एक बुढ़िया अपने बेटे के साथ एक छोटे से गांव में रहती थी। वह बहुत ही अच्छी थी। सोचती कि जब उसे बिना मेहनत किए सब कुछ हासिल हो जाता है तो मैं क्यों मेहनत करूं? क्योंकि इसका बेटा कमा कर ले आता था। उसी से उसके दिन व्यतीत हो रहे थे।… Continue reading बुराई का फल

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प्यारा दोस्त बांकू

जंगल के सारे जानवरों ने मिलकर सभा बुलाई उन्होंने मिलकर मशवरा लिया कि हम सब जानवर मिलकर एक टूर्नामेंट का आयोजन करेंगे। टूर्नामेंट में जो भी जीतेगा उसको हम ₹5000 देंगे। सब के सब जानवरों के नामों की लिस्ट इतवार से बहुत पहले पहुंच जानी चाहिए। शेर को राजा बनाया गया। शेरनी को रानी। भालू… Continue reading प्यारा दोस्त बांकू

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नटखट तोषी

शिवप्रसाद जैसे ही अपने ऑफिस जाने की तैयारी करते उनकी छत पर हर रोज एक बंदर आकर मंडराने लगता। शिव प्रसाद को कभी उस बंदर पर क्रोध आता कभी सोचते इस बंदर ने मेरा क्या बिगाड़ा है बेचारा भूखा है तभी तो मेरे घर की छत पर रोटी ढूंढने लगता है। जब वह उसे हासिल… Continue reading नटखट तोषी

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जादुई अंडा

एक शिकारी था। उसके पास बहुत सारी मुर्गियां थीं। मुर्गियों के अंडों को बाजार में बेच देता था। एक दिन शिकारी उन मुर्गियों के अंडों को बेचने गया तो उसने सब अंडों को बाजार में बेच दिया। एक आखरी अंडे को देख कर हैरान हो गया वह अंडा बहुत ही बड़ा था। वह उसे बेचना… Continue reading जादुई अंडा

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पवित्र बंधन

, अमन कार्तिक और साहिल तीन दोस्त थे। तीनों इतने पक्के दोस्त थे। वह बाजार में पिकनिक पर और जब कहीं भी बाहर घूमने का प्रोग्राम होता तीनों एक साथ इकट्ठे जाते थे। तीनों भी पढ़ाई में ठीक थे। अमन इंजीनियर बनना चाहता था। कहीं ना कहीं अमन के माता-पिता उसे कहते थे कि तुम्हें… Continue reading पवित्र बंधन

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रानी का न्याय

राजा शूरसेन और उसकी पत्नी बूढ़े हो चुके थे उनका एक बेटा था वह बहुत ही दुराचारी था उन्होंने अपने बेटे को राजगद्दी सौंप दी थी। उन्होंने जैसे ही अपने बेटे को राजा बनाया उसकी दुराचारियां दिन प्रतिदिन बढ़ती गई। वह अपनी प्रजा के साथ बहुत ही अत्याचार करता था। उसके बूढ़े माता-पिता ने सोचा… Continue reading रानी का न्याय

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जौहरी की सूझबूझ

बहुत समय पहले की बात है कि किसी गांव में एक सुनार रहता था। वह लोगों के गहने बनाता और हर ग्राहक को अपनी चिकनी चुपड़ी बातें करके उसका मन मोह लेता था। उसकी दुकान पर अधिकतर लोगों की भीड़ लगी रहती थी वह बहुत ही चतुर था। हर एक आने जानें वाले ग्राहकों की… Continue reading जौहरी की सूझबूझ

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ब्राह्मण और ब्राहमणी की नोकझोंक

किसी गांव में एक ब्राह्मण और ब्राह्मणी रहते थे। उनके परिवार में कोई भी नहीं था। केवल एक दूर का भतीजा था। उनके पास कुछ भी नहीं था। भिक्षा मांग मांग कर अपना गुजारा किया करते थे। जो कुछ भी भिक्षा से मिलता उसे खा पीकर गुजारा किया करते थे। जब भी वे भिक्षा मांगते… Continue reading ब्राह्मण और ब्राहमणी की नोकझोंक

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लालची धन्ना सेठ

, यह कहानी एक छोटे से गांव की है। उस गांव में सभी लोग खुश थे.।उस गांव में एक राजा था। राजा ने अपने राज्य में यह ऐलान कर दिया कि कोई भी इंसान किसी दूसरे पर अगर अत्याचार करें या उस पर हमला करेगा तो उसे मृत्युदंड दिया जाएगा। उसे उम्र भर की सजा… Continue reading लालची धन्ना सेठ

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लालच बुरी बला

एक बहुत ही भोला भाला इंसान था। एक बार उसने बहुत ही तपस्या की। उसकी तपस्या से प्रसन्न होकर एक साधु बाबा जो बहुत बड़े प्रख्यात विद्वान थे उन्होंने उसे आशीर्वाद दिया और उन्होंने कहा बोलो क्या मांगते हो? वह बोला मुझे अमीर होने का वरदान दो। बाबा जी बोले मैं तुम्हें अमीर होने का… Continue reading लालच बुरी बला

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